Headline
बुक्सा जनजाति बहुल गांवों को शत-प्रतिशत योजनाओं से आच्छादित करने के निर्देश
बुक्सा जनजाति बहुल गांवों को शत-प्रतिशत योजनाओं से आच्छादित करने के निर्देश
18 अक्टूबर तक प्रदेश की सभी सड़कों को गड्ढामुक्त करने के निर्देश
18 अक्टूबर तक प्रदेश की सभी सड़कों को गड्ढामुक्त करने के निर्देश
अवैध निर्माण पर MDDA का शिकंजा, इंजीनियर्स एन्कलेव में व्यावसायिक निर्माण सील
अवैध निर्माण पर MDDA का शिकंजा, इंजीनियर्स एन्कलेव में व्यावसायिक निर्माण सील
पंचायत भवनों के निर्माण और मरम्मत में तेजी लाने के निर्देश
पंचायत भवनों के निर्माण और मरम्मत में तेजी लाने के निर्देश
पशुधन प्रसार अधिकारी एवं सर्वेक्षक की लिखित परीक्षा के लिए तैयारियां पूर्ण, जिला प्रशासन ने किए पुख्ता इंतजाम
पशुधन प्रसार अधिकारी एवं सर्वेक्षक की लिखित परीक्षा के लिए तैयारियां पूर्ण, जिला प्रशासन ने किए पुख्ता इंतजाम
अस्पताल में भर्ती मंत्री रेखा आर्य की स्थिति का संज्ञान लेने पहुंचीं महिला आयोग अध्यक्ष
अस्पताल में भर्ती मंत्री रेखा आर्य की स्थिति का संज्ञान लेने पहुंचीं महिला आयोग अध्यक्ष
आयुष अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी होगी दूर, मंत्री कौशिक ने भर्ती प्रक्रिया जल्द पूरी करने के दिए निर्देश
आयुष अस्पतालों में डॉक्टरों की कमी होगी दूर, मंत्री कौशिक ने भर्ती प्रक्रिया जल्द पूरी करने के दिए निर्देश
सड़क दुर्घटना पीड़ितों की मदद के लिए ‘पीएम राहत’ और ‘नेक राहगीर’ योजना वरदान- खजान दास
सड़क दुर्घटना पीड़ितों की मदद के लिए ‘पीएम राहत’ और ‘नेक राहगीर’ योजना वरदान- खजान दास
मच्छरों के काटने से सिर्फ डेंगू-मलेरिया ही नहीं, एनीमिया का भी बढ़ सकता है खतरा
मच्छरों के काटने से सिर्फ डेंगू-मलेरिया ही नहीं, एनीमिया का भी बढ़ सकता है खतरा

सीएम धामी की पहल पर राज्य में पहली बार आयोजित हुए चिंतन शिविर में विभागीय ‘सामंजस्य को बढाने पर भी हुआ मंथन

-मसूरी में तीन दिनों तक चले चिंतन शिविर में तमाम नौकरशाहों ने इस पर किया खुलेदिल से मंथन

-कई बार अंतर विभागीय सामंजस्य न होने के चलते जनकल्याणकारी योजना का एंड यूजर को नहीं मिल पाता लाभ

देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की पहल पर राज्य में पहली बार आयोजित हुए चिंतन शिविर में विभागीय ‘सामंजस्य को बढाने पर भी मंथन हुआ। नौकरशाही के इस चिंतन में यह बात प्रमुखता से इंगित हुई की किसी भी योजना के क्रियान्वयन में संबंधित विभागों के बीच तारतम्य न होने के कारण सरकार की जनकल्याणकारी नीतियों का लाभ जनता को कई बार नहीं मिल पाता। यही वजह रही कि विभागीय सामंजस्य को बढ़ाने पर बल दिया गया।
मसूरी की लाल बहादुर शास्त्री प्रशासनिक अकादमी में तीन दिनों तक चले धामी सरकार के चिंतन शिविर में कई ऐसी अहम बातें भी मथकर बाहर आई जिन पर कभी सोचने की जहमत ही नहीं उठाई गई। नौकरशाही के इस चिंतन में खुद तमाम नौकरशाहों ने इस बात को बेहद पेशेवर रूप में स्वीकार किया कि सरकार कि कई जनकल्याणकारी योजनाएं ऐसी होती हैं जिनसे कई विभाग जुड़े होते हैं। देखने में आता है कि कई विभागों से जुड़े होने के चलते कई बार किसी एक दो विभागों के दिलचस्पी नहीं लेने के कारण इन योजनाओं का लाभ सरकार की विज़न के अनूरूप एंड यूजर को मिल ही नहीं पाता। नौकरशाहों ने इस चिंतन में खुले दिल से स्वीकार किया कि राज्य सरकार के विभागों में इस समन्वय की कमी को खत्म करने की बेहद आवश्यकता है। यही वजह रही कि चिंतन शिविर में तमाम ऐसे विभागों के एकीकरण या एक छत के नीचे लाने की बात हुई जिनकी कार्यप्रणाली एक दूसरे से काफी मिलती है। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी एवं मुख्य सचिव एसएस संधू ने भी अपने संबोधन में अंतर विभागीय सामंजस्य पर बल दिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top