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3 साल के सूखे के बाद बाढ़ से तबाही, लाखों लोग देश छोड़ने को मजबूर

सोमालिया। तीन साल तक सूखा झेलने वाले इथियोपिया व सोमालिया में अब भीषण बाढ़ से तबाही मच गई है। अब तक दर्जनों लोगों की मौत हो चुकी है और तीन लाख से अधिक लोग पलायन को विवश हो गए हैं। मीडिया की एक रिपोर्ट से पता चलता है कि मार्च के पहले 25 दिन इथोपिया के कुछ भाग में 5 से 10 सेंटीमीटर यानी 2 से 4 इंच बारिश दर्ज की गई थी। बता दें, इस बार यहां बारिश सामान्य से अधिक हुई थी।

एक जलवायु वैज्ञानिक ने कहा कि आमतौर पर केन्या में बारिश ज्यादा समय तक रहती है। बाद में इथियोपिया और सोमालिया में बारिश होती है। इस साल बारिश साथ में ही शुरू हुई। मार्च के आखिरी दो सप्ताह में तीनों देशों में इतनी बारिश हुई कि बाढ़ ही आ गई। इथियोपिया में तेज बारिश के चलते शबेले और जुबा नदियां ओवर फ्लो हो गई। मानवीय मामलों के समन्वय के लिए संयुक्त राष्ट्र कार्यालय (हृ ह्रष्ट॥्र) के अनुसार, दक्षिणी सोमालिया और पूर्वी इथियोपिया में दो नदियों के बांध टूट जाने से यहां मौजूद घरों, स्कूलों और स्वास्थ्य सुविधाओं को नुकसान पहुंचा।

अफ्रीका के हॉर्न ने लगभग तीन वर्षों के इतिहास में सबसे खराब सूखे की स्थिति देखी है। इथियोपिया और सोमालिया में साल 2020 से लेकर पिछले साल तक बारिश नहीं हुई थी। इसकी वजह से करीब 14 लाख लोगों ने सोमालिया छोडक़र चले गए थे, जबकि 38 लाख पशु सूखे की वजह से मर गए थे। बता दें, शबेले-जुबा नदी घाटियों में 1981 के बाद से इस साल सबसे कम बारिश दर्ज की गई है। जानकारी के अनुसार, इथियोपिया और सोमालिया में हुई बारिश से करीब 1,000 हेक्टेयर से अधिक फसल बर्बाद हो गई। इन देशों के लोगों का रोजगार ही कृषि है। इस क्षेत्र की अधिकतर फसल बरसात पर आधारित है।

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