Headline
कुमाऊं आयुक्त की जनसुनवाई में कई मामलों का मौके पर समाधान, अधिकारियों को सख्त निर्देश
कुमाऊं आयुक्त की जनसुनवाई में कई मामलों का मौके पर समाधान, अधिकारियों को सख्त निर्देश
वन भूमि हस्तांतरण के लंबित प्रकरणों के निस्तारण में लाएं तेजी- जिलाधिकारी
वन भूमि हस्तांतरण के लंबित प्रकरणों के निस्तारण में लाएं तेजी- जिलाधिकारी
महिलाओं और बच्चों तक योजनाओं का लाभ प्रभावी रूप से पहुंचाना सुनिश्चित करें समस्त अधिकारी- रेखा आर्या
महिलाओं और बच्चों तक योजनाओं का लाभ प्रभावी रूप से पहुंचाना सुनिश्चित करें समस्त अधिकारी- रेखा आर्या
ट्रंप ने रूस-ईरान पर नए प्रतिबंध कानून पर किए हस्ताक्षर, भारत-चीन पर 100% टैरिफ का रास्ता खुला
ट्रंप ने रूस-ईरान पर नए प्रतिबंध कानून पर किए हस्ताक्षर, भारत-चीन पर 100% टैरिफ का रास्ता खुला
हरिपुर का पुनरुत्थान: आचार्य प्रवेश शर्मा की 4 साल की तपस्या लाई रंग
हरिपुर का पुनरुत्थान: आचार्य प्रवेश शर्मा की 4 साल की तपस्या लाई रंग
कुंभ मेला 2027 की तैयारियों को लेकर हरिद्वार में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक, एडीजी ने दिए समयबद्ध तैयारी के निर्देश
कुंभ मेला 2027 की तैयारियों को लेकर हरिद्वार में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक, एडीजी ने दिए समयबद्ध तैयारी के निर्देश
अंकिता भंडारी को न्याय मिलने तक संघर्ष जारी रहेगा: डॉ. हरक सिंह रावत
अंकिता भंडारी को न्याय मिलने तक संघर्ष जारी रहेगा: डॉ. हरक सिंह रावत
निठारी कांड के आरोपी सुरेंद्र कोहली ने हरिद्वार में की आत्महत्या, चाय की दुकान में फंदे से लटका मिला शव
निठारी कांड के आरोपी सुरेंद्र कोहली ने हरिद्वार में की आत्महत्या, चाय की दुकान में फंदे से लटका मिला शव
बैजरों में लापता व्यक्ति की तलाश में SDRF का सर्च अभियान जारी, नहीं मिला सुराग
बैजरों में लापता व्यक्ति की तलाश में SDRF का सर्च अभियान जारी, नहीं मिला सुराग

मुख्य सचिव ने अधिकारियों को दिए ये ज़रूरी निर्देश

देहरादून।मुख्य सचिव डॉ. एस.एस. संधू ने गुरुवार को सचिवालय में मुख्यमंत्री पलायन रोकथाम योजना के सम्बन्ध में जिलाधिकारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक ली। मुख्य सचिव ने अधिकारियों को उद्देश्य परक योजनाओं को तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गांवों में पलायन के कारणों की जांच करते हुए एवं समस्याओं के निवारण पर फोकस करते हुए योजनाएं बनाई जाएं।

मुख्य सचिव ने कहा कि किसी भी क्षेत्र का पलायन रोकने के लिए सिर्फ उस गांव को ही नहीं बल्कि उसके आसपास के क्षेत्र को शामिल करते हुए एक समग्र विकास योजना तैयार की जाए। उन्होंने इसमें प्राईवेट सेक्टर को शामिल किए जाने की बात कही। उन्होंने कहा कि इसके लिए एक-एक साल के शॉर्ट टर्म प्लान के बजाए 3 या 5 साल का रोलिंग प्लान तैयार किया जाना चाहिए। इसके लिए गांवों में जाकर वहां के लोगों से बात करने के बाद ही उनकी जरूरतों एवं क्षेत्र की समस्याओं के समाधान के लिए प्लान तैयार किया जाए।

मुख्य सचिव ने सभी जिलाधिकारियों एवं अन्य उच्चााधिकारियों से पलायन रोकथाम किए जाने हेतु सुझाव मांगते हुए स्कीम में संशोधन और पुनर्निर्माण की बात कही। उन्होंने कहा कि बॉर्डर एरिया के गांवों के साथ ही, अधिक समस्या वाले गांवों को प्राथमिकता के आधार पर लेते हुए, कम समस्या वाले गांवों को बाद में लिया जा सकता है। जिलाधिकारी एवं उनकी टीम को गांवों में जाकर देखना होगा कि पलायन रोकने के लिए किस प्रकार की एरिया स्पेसिफिक योजनाओं को गांव स्तर पर लागू किया जाए ताकि पलायन रोकने में कारगर हों।

मुख्य सचिव ने क्षेत्र विशिष्ट और आवश्यकता आधारित योजनाएं तैयार करते हुए आसपास के क्षेत्रों को शामिल करते हुए इंटीग्रेटेड स्कीम तैयार किए जाने के निर्देश दिए। उन्होंने इकोनॉमिक एक्टिविटीज के साथ ही, शिक्षा, स्वास्थ्य और सड़क जैसी मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित किए जाने के भी निर्देश दिए।

इस अवसर पर अपर मुख्य सचिव श्री आनन्द वर्द्धन, सचिव श्री अरविन्द सिंह ह्यांकि श्री पंकज पाण्डेय, अपर सचिव श्रीमती रंजना, प्रभारी सचिव श्री आर. राजेश कुमार सहित अन्य सम्बन्धित अधिकारी उपस्थित थे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top