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भाजपा की प्रदेश कार्यसमिति में विकास का रोडमैप तैयार, विकसित उत्तराखंड पर हुआ मंथन
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श्रमशक्ति नहीं, बल्कि उत्तराखंड की विकासशक्ति हैं श्रमिक- महाराज
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12 सितंबर को लगेगी राष्ट्रीय लोक अदालत, समझौते से होगा मामलों का त्वरित निस्तारण
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पौड़ी में पशुपालन योजनाओं से 1,726 ग्रामीणों को मिला स्वरोजगार, 8.64 करोड़ की सहायता
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15 सितम्बर से 18 अक्टूबर तक आयोजित होगा ‘सेवा संकल्प अभियान’
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पौड़ी में राजस्व समीक्षा बैठक, पुराने वादों के शीघ्र निस्तारण और वसूली में तेजी के निर्देश
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नशे के खिलाफ सख्ती: संवेदनशील इलाकों की होगी GIS मैपिंग, पोस्त की खेती पर छापेमारी के निर्देश
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स्वच्छ एवं कचरा-मुक्त उत्तराखंड की दिशा में मजबूत पहल, नए नियमों के क्रियान्वयन पर जोर
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पेट दर्द और सूजन को न करें नजरअंदाज, उभार दिखे तो हो जाएं सतर्क, हो सकता है हर्निया
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उत्तराखंड जल संस्थान कर्मचारी संगठन नाराज,ये है कारण?

देहरादून। दिनांक ०६/२/२०२३ उत्तराखंड जल संस्थान कर्मचारी संगठन उत्तराखंड प्रदेश के संज्ञान में समाचार पत्रों के माध्यम से ज्ञात हुआ कि उत्तराखंड जल संस्थान से नगर निगम क्षेत्र की समस्त पेयजल योजनाएं आगामी कैबिनेट बैठक में नगर निगम को हस्तान्तरित कर दी जायेगी जिसका उत्तराखंड जल संस्थान कर्मचारी संगठन उत्तराखंड प्रदेश विरोध करता है ,संगठन के महामंत्री रमेश बिन्जोला द्वारा कहा गया है कि उत्तराखंड सरकार व शासन उत्तराखंड जल संस्थान का अस्तित्व ही समाप्त करना चाहती है जबकि उत्तराखंड जल संस्थान पूर्ण निष्ठा एवं इमानदारी के साथ कई वर्षो से उत्तराखंड की जनता को स्वच्छ पेयजल आपूर्ति प्रदान करता आ रहा है यदि समस्त शहरी क्षेत्र की नगर निगम की पेयजल योजनाओं को नगर निगम में दिया जाता है तो उस स्थिति में उत्तराखंड जल संस्थान एवं पेयजल निगम का एकीकरण कर राजकीय करण करना न्यायोचित होगा यदि सरकार व शासन द्वारा शहरी क्षेत्र की योजनाएं नगर निगम को हस्तान्तरित की गयी तो उत्तराखंड जल संस्थान कर्मचारी संगठन को विवश होकर सम्पूर्ण प्रदेश में आन्दोलन के लिए बाध्य होना पड़ेगा जिसका सम्पूर्ण उत्तर दायित्व सरकार व शासन का होगा ।

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