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उत्तराखंड शासन के अधिकारी/कर्मचारी नहीं कर रहे है इस आदेश का पालन

देहरादून।सूचना अधिकार कार्यकर्ता नदीम उद्दीन की शिकायत पर 2005 में किया था सूचना आयोग ने आदेशउत्तराखंड में नौकरशाही व मनमानी के आरोप लगातार लगाये जाते हैं। इसका एक बड़ा उदाहरण उत्तराखंड के सरकारी कार्यालयों में आधे घंटे के भोजनावकाश के नियम का पालन न होना है।

इसके लिये उत्तराखंड सूचना आयोग द्वारा सूचना अधिकार कार्यकर्ता नदीम उद्दीन की शिकायत पर 2005 में किये गये आदेश पर 04 जनवरी 2006 को शासनादेश भी जारी किया गया जो अभी भी लागू हैं।

काशीपुर निवासी सूचना अधिकार कार्यकर्ता नदीम उद्दीन ने उत्तराखंड शासन के सामान्य प्रशासन विभाग के लोक सूचना अधिकारी से उत्तराखंड के सरकारी कार्यालयों में वर्तमान में लागू भोजनावकाश के समयों का विवरण की सूचना मांगी थी।

इसके उत्तर में सामान्य प्रशासन विभाग के लोक सूचना अधिकारी/अनुभाग अधिकारी  द्वारा अपने पत्रांक 889 के साथ शासनादेश संख्या 994 दिनांक 04 जनवरी 2006 की सत्यापित फोटो प्रति उपलब्ध करायी गयी है।

इस शासनादेश में प्रतिलिपि मुख्य सूचना आयुक्त को उनके पत्र संख्या 60/मु.सू.आ./2005 दिनांक 03-12-2005 के संदर्भ में सूचित भी दर्शायी गयी है।

नदीम को उपलब्ध शासनादेश 994 के अनुसार सरकारी कार्यालयों में मध्याहन भोजन का समय 1 बजे से 2ः30 बजे के मध्य केवल आधे घंटे का होगा और इस अवधि में ही प्रत्येक अधिकारी/कर्मचारी मध्याहन भोजन के लिये जायेंगे।

वरिष्ठ अधिकारी अपने कार्यालय में कार्यरत कर्मचारियों के आधे घंटे कें मध्याहन भोजन का समय इस प्रकार निर्धारित करेंगे कि एक बार में लगभग एक तिहाई कर्मचारी ही मध्याहन भोजन पर जायें। जहां पर एक अधिकारी व एक कर्मचारी ही हैं, वहां पर वे आपस में मध्याहन भोजन का समय इस प्रकार तय करेंगे कि उसमें से एक कार्यालय में अवश्य उपस्थित रहे।

शासनादेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि मध्याहन भोजन की विभिन्न अवधियों में जाने वाले कर्मचारियों की सूची विभाग में टांगी जाये। समस्त विभागाध्यक्ष एवं कार्यालयाध्यक्ष अपने विभागों एवं कार्यालयों में इस शासनादेश के अनुसार कार्यवाही सुनिश्चित कराने के लिये उत्तरदायी होगा।

नदीम ने बताया कि वाणिज्य कर विभाग के लोक सूचना अधिकारी डिप्टी कमिश्नर (कर निर्धारण) काशीपुर से सूचना अधिकार लागू होने के प्रथम कार्य दिवस 13-10-05 को अपने प्रार्थना पत्र सं02 से भोजनावकाश के समय से सम्बन्धित सूचना मांगी गयी। उनके द्वारा स्पष्ट सूचना उपलब्ध न कराने पर उत्तराखंड राज्य सूचना आयोग को शिकायत की गयी।

इस शिकायत पर आदेश सं. 60/मु.सू.आ./2005 दिनांक 13-12-05 उत्तराखंड में सभी सरकारी कार्यालयों में कर्मचारियों के समय पालन सुनिश्चित कराने तथा भोजनावकाश का आधे घंटे का समय नियत करने व उसकी सूची कार्यालयों मेें लगाने के निर्देश दिये गये।

इसके अनुपालन में उत्तराखंड शासन द्वारा शासनादेश सं. 994/गगगप (13) 6/2005 दि. 04 जनवरी 2006 जारी करके समय पालन सुनिश्चित कराने का आदेश दिया गया था। कुछ समय तक उसका कुछ कार्यालयों में पालन हुआ लेकिन उसके उपरान्त फिर मनमाने ढंग से कर्मचारी, अधिकारियों ने भोजनावकाश के बहाने घंटों कार्यालय से गायब रहना शुरू कर दिया।

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