Headline
डीएम ने विकास कार्यों की समीक्षा कर अधिकारियों को दिए कड़े निर्देश
डीएम ने विकास कार्यों की समीक्षा कर अधिकारियों को दिए कड़े निर्देश
सीएचसी कांडा में व्यवस्थाओं का जायजा, डीएम ने दिए सख्त सुधार के निर्देश
सीएचसी कांडा में व्यवस्थाओं का जायजा, डीएम ने दिए सख्त सुधार के निर्देश
देवभूमि की पवित्रता और मूल स्वरूप को बनाए रखना सरकार की प्राथमिकता- मुख्यमंत्री
देवभूमि की पवित्रता और मूल स्वरूप को बनाए रखना सरकार की प्राथमिकता- मुख्यमंत्री
आईटी पार्क के लिए बनेगा वैज्ञानिक ड्रेनेज प्लान, डीएम ने दिए सर्वे के निर्देश
आईटी पार्क के लिए बनेगा वैज्ञानिक ड्रेनेज प्लान, डीएम ने दिए सर्वे के निर्देश
रोजगार और शोध के लिए आधुनिक कौशल जरूरी- ऋतु खण्डूडी भूषण
रोजगार और शोध के लिए आधुनिक कौशल जरूरी- ऋतु खण्डूडी भूषण
‘मेरे सपनों का उत्तराखंड’ अभियान को मिला जबरदस्त रिस्पॉन्स, 2.5 लाख विद्यार्थियों ने दिए सुझाव
‘मेरे सपनों का उत्तराखंड’ अभियान को मिला जबरदस्त रिस्पॉन्स, 2.5 लाख विद्यार्थियों ने दिए सुझाव
दिल्ली में स्वाइन फ्लू का बढ़ता खतरा, पिछले 14 दिन में सामने आए 433 नए मामले
दिल्ली में स्वाइन फ्लू का बढ़ता खतरा, पिछले 14 दिन में सामने आए 433 नए मामले
क्या आपको भी लगती है सुबह उठते ही तेज भूख? तो जान लीजिये इसके पीछे की 5 बड़ी वजहें
क्या आपको भी लगती है सुबह उठते ही तेज भूख? तो जान लीजिये इसके पीछे की 5 बड़ी वजहें
पांच साल में 34 हजार युवाओं को मिली सरकारी नौकरी, सीएम धामी ने गिनाईं उपलब्धियां
पांच साल में 34 हजार युवाओं को मिली सरकारी नौकरी, सीएम धामी ने गिनाईं उपलब्धियां

भगवान के भोग (प्रसाद) को पवित्रता के साथ बनाया जाए- महाराज

कहा मिलावटी वस्तुएं रसोई तक नहीं पहुंचनी चाहिएं

देहरादून। आंध्र प्रदेश के तिरुपति मंदिर के लड्डू के प्रसाद में मिलावट दुर्भाग्यपूर्ण है। यह सरासर हमारी आस्था के साथ खिलवाड़ है। उत्तराखंड में जहां-जहां भी भगवान का भोग बनता है हमने उसकी पवित्रता बनाए रखने के लिए अधिकारियों को निर्देश दिए हैं।

उक्त जानकारी देते हुए प्रदेश के पर्यटन एवं धर्मस्व मंत्री सतपाल महाराज ने कहा कि आंध्र प्रदेश के तिरुपति मंदिर के लड्डू के प्रसाद में मिलावट दुर्भाग्यपूर्ण है। यह सरासर हमारी आस्था के साथ खिलवाड़ है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड में जहां-जहां भी भगवान का भोग बनता है वह बड़ी पवित्रता के साथ बनता है, लेकिन आंध्र प्रदेश की घटना के बाद हमने सचिव धर्मस्व को निर्देश देते हुए कहा है कि प्रदेश में जहां-जहां भी भगवान का भोग बनता है वह शुद्धता व पवित्रता से बने और उसमें किसी भी प्रकार की मिलावटी वस्तु रसोई तक न पहुंचने पाये।

उन्होंने कहा कि जिस प्रकार से आंध्र प्रदेश के तिरुपति मंदिर के प्रसाद की पवित्रता और शुद्धता का बड़ा प्रचार प्रसार है इस प्रकार हमारे यहां भी विभिन्न पौराणिक मंदिरों के प्रसाद का अपना एक धार्मिक महत्व है। इसलिए उसकी पवित्रता और शुद्धता बनाएं रखना भी बेहद जरूरी है। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि भगवान के प्रसाद और भोग को बनाने में पवित्रता और शुद्धता का विशेष ध्यान रखा जाए।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top