Headline
रोज की दाल-सब्जी से हो गए हैं बोर? महाराष्ट्र के इस तीखे टमाटर ठेचे से बढ़ाएं खाने का स्वाद
रोज की दाल-सब्जी से हो गए हैं बोर? महाराष्ट्र के इस तीखे टमाटर ठेचे से बढ़ाएं खाने का स्वाद
उद्योगों के लिए नियामक नहीं, सहयोगी और सहभागी की भूमिका निभा रही राज्य सरकार- मुख्यमंत्री
उद्योगों के लिए नियामक नहीं, सहयोगी और सहभागी की भूमिका निभा रही राज्य सरकार- मुख्यमंत्री
इस्तांबुल एयरपोर्ट ने रचा इतिहास, हीथ्रो को पछाड़ बना दुनिया का सबसे कनेक्टेड एयरपोर्ट
इस्तांबुल एयरपोर्ट ने रचा इतिहास, हीथ्रो को पछाड़ बना दुनिया का सबसे कनेक्टेड एयरपोर्ट
टमाटर की कीमतों ने पकड़ी रफ्तार, एक महीने में दोगुने से ज्यादा बढ़े मंडी में भाव
टमाटर की कीमतों ने पकड़ी रफ्तार, एक महीने में दोगुने से ज्यादा बढ़े मंडी में भाव
बांग्लादेश में डेंगू का कहर, 90 हजार से ज्यादा मरीज अस्पताल पहुंचे; 281 लोगों की मौत
बांग्लादेश में डेंगू का कहर, 90 हजार से ज्यादा मरीज अस्पताल पहुंचे; 281 लोगों की मौत
SSC JE 2026 में 1,699 पदों का बड़ा मौका, इंजीनियरिंग उम्मीदवारों के लिए बड़ी खबर
SSC JE 2026 में 1,699 पदों का बड़ा मौका, इंजीनियरिंग उम्मीदवारों के लिए बड़ी खबर
दिग्गज फुटबॉलर पेड्रो रोड्रिग्ज ने फुटबॉल को कहा अलविदा, 39 की उम्र में खत्म किया शानदार सफर
दिग्गज फुटबॉलर पेड्रो रोड्रिग्ज ने फुटबॉल को कहा अलविदा, 39 की उम्र में खत्म किया शानदार सफर
नशामुक्त भारत अभियान के तहत विशेष शपथ अभियान अब 18 अक्टूबर तक
नशामुक्त भारत अभियान के तहत विशेष शपथ अभियान अब 18 अक्टूबर तक
सुबह मुनक्का खाना कितना फायदेमंद? जानें इसके पोषक तत्व और सेवन का सही तरीका
सुबह मुनक्का खाना कितना फायदेमंद? जानें इसके पोषक तत्व और सेवन का सही तरीका

दिग्गज फुटबॉलर पेड्रो रोड्रिग्ज ने फुटबॉल को कहा अलविदा, 39 की उम्र में खत्म किया शानदार सफर

दिग्गज फुटबॉलर पेड्रो रोड्रिग्ज ने फुटबॉल को कहा अलविदा, 39 की उम्र में खत्म किया शानदार सफर

विश्व कप से चैंपियंस लीग तक जीते कई बड़े खिताब

नई दिल्ली। स्पेन के स्टार फुटबॉलर पेड्रो रोड्रिग्ज ने 39 साल की उम्र में पेशेवर फुटबॉल को अलविदा कहने का फैसला किया है। बार्सिलोना और चेल्सी जैसे बड़े क्लबों के लिए खेलने वाले पेड्रो ने अपने करीब दो दशक लंबे करियर में विश्व कप, यूरोपीय चैंपियनशिप और चैंपियंस लीग सहित कई प्रतिष्ठित ट्रॉफियां अपने नाम कीं। पिछले सत्र के बाद इटली के क्लब लाजियो से अलग होने के बाद वह किसी अन्य क्लब से नहीं जुड़े थे। अब सोशल मीडिया पर भावुक संदेश के साथ उन्होंने अपने संन्यास की घोषणा की है।

पेड्रो ने अपने करियर के खास पलों का वीडियो साझा करते हुए कहा कि उन्हें लगा कि अब जीवन में आगे बढ़ने और एक नया अध्याय शुरू करने का सही समय आ गया है। उन्होंने अपने फुटबॉल करियर में साथ देने वाले सभी लोगों का आभार जताते हुए खेल को धन्यवाद कहा।

17 साल की उम्र में बार्सिलोना से जुड़े

पेड्रो ने महज 17 वर्ष की उम्र में टेनेरिफ से निकलकर बार्सिलोना की युवा अकादमी का रुख किया था। क्लब की विभिन्न युवा टीमों से होते हुए वह बार्सिलोना बी तक पहुंचे और 2007-08 सत्र में पहली टीम के लिए पदार्पण किया। वर्ष 2009 में उन्होंने बार्सिलोना की सीनियर टीम के साथ अपना पहला पेशेवर अनुबंध किया।

बार्सिलोना की मजबूत टीम में पेड्रो ने जल्द ही अपनी जगह बना ली। 2009-10 सत्र उनके करियर का बेहद खास दौर रहा। वह एक ही सत्र में बार्सिलोना की ओर से खेली गई सभी छह आधिकारिक प्रतियोगिताओं में गोल करने वाले पहले खिलाड़ी बने। इस दौरान उन्होंने ला लीगा, कोपा डेल रे, चैंपियंस लीग, स्पेनिश सुपर कप, यूरोपीय सुपर कप और क्लब विश्व कप में गोल किए।

चैंपियंस लीग फाइनल में दागा था यादगार गोल

पेड्रो के करियर का सबसे यादगार मुकाबला 2011 का चैंपियंस लीग फाइनल रहा। वेम्बली में मैनचेस्टर यूनाइटेड के खिलाफ खेले गए फाइनल में उन्होंने बार्सिलोना की ओर से पहला गोल किया। बार्सिलोना ने यह मुकाबला 3-1 से अपने नाम करते हुए चैंपियंस लीग का खिताब जीता था।

चेल्सी से लेकर लाजियो तक जारी रहा सफर

2015 में पेड्रो ने बार्सिलोना छोड़कर इंग्लैंड के क्लब चेल्सी का दामन थामा। यहां भी उन्होंने अपनी शानदार फॉर्म जारी रखी और टीम के साथ कई अहम उपलब्धियां हासिल कीं। इसके बाद वह इटली पहुंचे, जहां उन्होंने रोमा और लाजियो के लिए भी मैदान पर अपना जलवा दिखाया।

लाजियो के साथ 2024-25 सत्र उनका आखिरी सीजन रहा। सत्र समाप्त होने के बाद क्लब से अलग होने के बाद पेड्रो ने किसी अन्य टीम के साथ करार नहीं किया। अब उन्होंने आधिकारिक तौर पर अपने पेशेवर करियर पर विराम लगा दिया है।

स्पेन के साथ विश्व कप और यूरोपीय चैंपियनशिप का खिताब

क्लब फुटबॉल के अलावा पेड्रो का अंतरराष्ट्रीय करियर भी उपलब्धियों से भरा रहा। वह स्पेन की उस ऐतिहासिक टीम का हिस्सा थे, जिसने 2010 में दक्षिण अफ्रीका में फीफा विश्व कप का खिताब जीता था। इसके दो साल बाद 2012 में स्पेन ने यूरोपीय चैंपियनशिप भी अपने नाम की और पेड्रो उस विजेता टीम का हिस्सा रहे।

इस तरह पेड्रो के शानदार करियर में विश्व कप, यूरोपीय चैंपियनशिप और चैंपियंस लीग जैसे फुटबॉल के सबसे बड़े खिताब शामिल रहे। 39 साल की उम्र में संन्यास के साथ उन्होंने खेल के मैदान से विदाई ले ली है और बार्सिलोना, चेल्सी, रोमा, लाजियो तथा स्पेन की राष्ट्रीय टीम के लिए अपने प्रदर्शन की यादें छोड़ गए हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top