Headline
हिमालय केवल भौगोलिक क्षेत्र नहीं, बल्कि भारत की आध्यात्मिक, सांस्कृतिक और प्राकृतिक चेतना का महत्वपूर्ण आधार है-मुख्यमंत्री
हिमालय केवल भौगोलिक क्षेत्र नहीं, बल्कि भारत की आध्यात्मिक, सांस्कृतिक और प्राकृतिक चेतना का महत्वपूर्ण आधार है-मुख्यमंत्री
युवाओं की भागीदारी से साकार होगा विकसित भारत-2047 का संकल्प: डॉ धन सिंह रावत
युवाओं की भागीदारी से साकार होगा विकसित भारत-2047 का संकल्प: डॉ धन सिंह रावत
प्रधानमंत्री के जन्मदिवस पर होंगे विभिन्न कार्यक्रम आयोजित, विभागीय स्तर पर उत्कृष्ट कार्य करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को भी किया जाएगा सम्मानित-रेखा आर्या
प्रधानमंत्री के जन्मदिवस पर होंगे विभिन्न कार्यक्रम आयोजित, विभागीय स्तर पर उत्कृष्ट कार्य करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को भी किया जाएगा सम्मानित-रेखा आर्या
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने खेल और खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने के लिए किए अभूतपूर्व कार्य -रेखा आर्या
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी ने खेल और खिलाड़ियों को आगे बढ़ाने के लिए किए अभूतपूर्व कार्य -रेखा आर्या
उत्तराखंड पुलिस में बड़ा फेरबदल, 10 एएसपी अधिकारियों के तबादले
उत्तराखंड पुलिस में बड़ा फेरबदल, 10 एएसपी अधिकारियों के तबादले
देहरादून में 14 से 30 सितंबर तक चलेगा व्यापक नशामुक्ति शपथ अभियान
देहरादून में 14 से 30 सितंबर तक चलेगा व्यापक नशामुक्ति शपथ अभियान
जनता मिलन में जिलाधिकारी ने सुनीं 28 शिकायतें, समयबद्ध निस्तारण के निर्देश
जनता मिलन में जिलाधिकारी ने सुनीं 28 शिकायतें, समयबद्ध निस्तारण के निर्देश
समाधान दिवस में 102 शिकायतें दर्ज, अधिकारियों को समयबद्ध निस्तारण के निर्देश
समाधान दिवस में 102 शिकायतें दर्ज, अधिकारियों को समयबद्ध निस्तारण के निर्देश
चार वीर शहीदों की स्मृति में शहीद स्मारक एवं शहीद द्वार निर्माण को स्वीकृति
चार वीर शहीदों की स्मृति में शहीद स्मारक एवं शहीद द्वार निर्माण को स्वीकृति

गौरीकुंड भूस्खलन में लापता हुए 17 लोगों की खोजबीन में फिर जुटी एसडीआरएफ समेत अन्य टीमें

रुद्रप्रयाग। गौरीकुंड में भूस्खलन में लापता हुए 17 लोगों की खोजबीन के लिए रेस्क्यू सुबह 5.30 बजे से शुरू हो गया है। एनडीआरएफ, एसडीआरएफ सहित अन्य संस्थाओं के जवान खोजबीन में जुटे हैं। जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने बताया कि सुबह से क्षेत्र में हल्की बारिश हो रही है।

दुर्भाग्य से रुद्रप्रयाग देश के 10 सबसे अधिक भूस्खलन खतरे वाले जिलों में से पहले नंबर पर है। इसकी तस्दीक पिछले तीन-चार दशकों के दौरान जिले में भूस्खलन की वे बड़ी घटनाएं हैं, जिनमें हजारों लोग मारे गए या लापता हो गए। 2013 में केदारनाथ में हुए भूस्खलन और बाढ़ में 4500 लोग मौत के आगोश में सो गए थे या नामो-निशान मिट गया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back To Top